फिनकेयर स्मॉल फाइनेंस बैंक ने अपनी उपस्थिति को सशक्त बनाया

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जयपुर
फिनकेयर स्मॉल फाइनेंस बैंक (फिनकेयर एसएफबी), जिसे पहले दिशा माइक्रोफिन लिमिटेड के नाम से जाना जाता था, ने एक संवाददाता सम्मेलन के दौरान जयपुर के गोपालपुरा बाईपास इलाके में अपनी दूसरी शाखा के शुभारंभ की घोषणा की। फिनकेयर एसएफबी सितंबर 2015 में आरबीआई से लघु वित्त बैंक का लाइसेंस प्राप्त करने वाले 10 संस्थानों में से एक था, जिसने जुलाई 2017 से अपनी बैंकिंग सेवाओं की शुरुआत की। बैंक गुजरात, तमिलनाडु, कर्नाटक, केरल, महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, राजस्थान और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में कार्यरत 570 बैंकिंग आउटलेट के नेटवर्क के माध्यम से 15.35 लाख से अधिक ग्राहकों को अपनी सेवाएं उपलब्ध कराता है। 31 मार्च, 2019 तक के आंकड़ों के अनुसार, वर्ष के दौरान 65 प्रतिशत की वृद्धि के साथ बैंक का सकल ऋण पोर्टफोलियो लगभग 3,528 करोड़ रुपये तक पहुंच गया था। 31 मार्च, 2019 तक, वार्षिक आधार पर 173 प्रतिशत से अधिक की वृद्धि के साथ बैंक ने 1,983 करोड़ रुपये की जमा राशि का भी संचय किया है, जिसमें खुदरा जमा राशि कुल जमा का 58 प्रतिशत से अधिक है, साथ ही मार्च 2019 तक निवल एनपीए 0.3 प्रतिशत और च्।ज् 100 करोड़ रुपये से अधिक है। फिनकेयर एसएफबी के एमडी एवं सीईओ, राजीव यादव ने अपने वक्तव्य में कहा, हम सतत विकास के अत्यंत सुगम रास्ते पर आगे बढ़ रहे हैं। जब लोग हमें एमएफआई के रूप में पहचानते थे, उस वक्त भी राजस्थान हमारे लिए एक महत्वपूर्ण बाजार था और आज भी है। आज जयपुर में दूसरी शाखा का शुभारंभ व्यापारिक विकास के दृष्टिकोण से बेहद महत्वपूर्ण है। अगले कुछ महीनों में हमने पुणे, त्रिवेंद्रम और कालीकट, आदि स्थानों पर नई शाखाओं के शुभारंभ की भी योजना बनाई है। मौजूदा वित्तीय वर्ष में 100 प्रतिशत वृद्धि के लक्ष्य को हासिल करने में इसकी भूमिका बेहद अहम होगी। जयपुर भारतीय राज्य राजस्थान की राजधानी है और यहां के सबसे बड़े शहर में से एक है। इस शहर में छोटे और मध्यम आकार के उद्यमों का एक बड़ा हिस्सा मौजूद है, जिनमें महिलाओं के साथ-साथ शहर के कामकाजी पेशेवरों और वरिष्ठ नागरिकों का प्रतिनिधित्व काफी बेहतर है। वर्ष 2015 में अपनी माइक्रोफाइनेंस गतिविधियों के साथ फिनकेयर एसएफबी ने राजस्थान में अपने कार्यों का शुभारंभ किया था। 9 प्रतिशत की बाजार हिस्सेदारी तथा 1,28,828 के ग्राहक आधार के साथ, 31 मार्च, 2019 तक इसका समग्र पोर्टफोलियो 248.20 करोड़ रुपये तक पहुंच गया था। राजस्थान में इसके आउटलेट की संख्या 35 है तथा जयपुर में इसकी पहली शाखा का कामकाज अप्रैल 2018 में शुरू हुआ था। इसके वित्तीय समावेशन अभियान को अपनी माइक्रोफाइनेंस सेवाओं के साथ मजबूत प्रोत्साहन मिला, जिसे यहां के 11 जिलों में विस्तृत 2,194 गाँवों की स्वीकृति प्राप्त हुई। वित्तीय समावेशन अभियान के तहत, फिनकेयर एसएफबी ने विशेष रूप से 77000 से अधिक ग्राहकों के बुनियादी बैंकिंग खाते खोले। वित्त-वर्ष 20 में माइक्रोफाइनेंस के लिए योजना के अनुसार अनुमानित पोर्टफोलियो 400 करोड़ रुपये का है। 
सोने पर दिया जाने वाला ऋण एक महत्वपूर्ण सेवा है, जिसे पहली बार 2018 की दूसरी छमाही के दौरान प्रस्तुत किया गया था। फिलहाल राजस्थान में 5 आउटलेट्स (जयपुर, कोटा, उदयपुर, जोधपुर और बांसवाड़ा) के जरिए स्वर्ण ऋण दिया जाता है। फिनकेयर एसएफबी ने राजस्थान के ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में अधिक आउटलेट के जरिए स्वर्ण ऋण की सुविधा उपलब्ध कराने की योजना बनाई है। मई 2018 से फिनकेयर एसएफबी ने परिसंपत्ति पर ऋण देने के कारोबार की शुरुआत की। अप्रैल 2019 तक पोर्टफोलियो पर 9.7 करोड़ रुपये की कुल बकाया राशि के साथ, मुख्य रूप से डेयरी एवं कपड़ा व्यवसाय को लक्षित खंड के तौर पर चिन्हित किया है। मौजूदा वित्त-वर्ष के लिए प्रस्तावित योजना 58 करोड़ रुपये की है। मौजूदा वित्त-वर्ष के दौरान अजमेर, बिलाड़ा, अलवर और बीकानेर में योजनाबद्ध तरीके से शाखाओं के शुभारंभ के साथ, फिनकेयर एसएफबी खुदरा बैंकिंग को प्रोत्साहन देने के लिए पूरी तरह तैयार है। 227 करोड़ रुपये की वर्तमान जमा राशि में उचित अनुपात में वृद्धि के साथ इसके 600 करोड़ रुपये तक पहुंचने का अनुमान है।

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