उत्तर कोरिया की सियोल को चेतावनी, कहा- ‘सामूहिक सजा’ का बन सकता है निशाना

उत्तर कोरिया ने अमेरिका और दक्षिण कोरिया के बढ़ते सैन्य सहयोग पर कड़ी प्रतिक्रिया जताई है। प्योंगयांग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने चेतावनी दी कि यदि सियोल अमेरिकी रणनीतिक गतिविधियों का अहम केंद्र बना रहा, तो वह भविष्य में उत्तर कोरिया की ‘सामूहिक सजा’ का निशाना बन सकता है। हालांकि, बयान में किसी तत्काल सैन्य कार्रवाई का उल्लेख नहीं किया गया है।

  • उत्तर कोरिया: सियोल को ‘सामूहिक सजा’ को लेकर चेतावनी दी।
  • दक्षिण कोरिया: अमेरिका के साथ बढ़ते सैन्य सहयोग पर प्योंगयांग ने जताई नाराजगी।
  • कोरियाई प्रायद्वीप: मिसाइल परीक्षणों और सैन्य गतिविधियों के बीच बढ़ा तनाव।

North Korea Warns South Korea of ‘Collective Punishment’ ; कोरियाई प्रायद्वीप में जारी तनाव के बीच उत्तर कोरिया ने दक्षिण कोरिया और अमेरिका के बीच बढ़ते सैन्य सहयोग पर निशाना साधा है। प्योंगयांग के एक अधिकारी ने आरोप लगाया कि अमेरिका दक्षिण कोरिया को अपनी क्षेत्रीय रणनीति के लिए महत्वपूर्ण सैन्य आधार के रूप में इस्तेमाल कर रहा है।

दक्षिण कोरिया की समाचार एजेंसी योनहाप के अनुसार, उत्तर कोरिया के ‘इंस्टीट्यूट ऑफ एनिमी स्टेट स्टडीज’ के सेक्शन चीफ कांग चोल-सू ने सरकारी मीडिया के जरिए यह बयान दिया। उन्होंने अमेरिकी सेना के कोरिया में शीर्ष कमांडर जनरल जेवियर ब्रंसन की हालिया टिप्पणी का भी हवाला दिया।

यह भी पढ़ें : ‘लव एंड वॉर’ में विक्की का धांसू अंदाज, नया पोस्टर देख बढ़ी हलचल

ब्रंसन ने कोरियाई प्रायद्वीप की सुरक्षा व्यवस्था को नए सिरे से मजबूत करने और अमेरिका-दक्षिण कोरिया के सहयोग के जरिए प्रायद्वीप के बाहर से आने वाले खतरों से निपटने की जरूरत पर जोर दिया था। उत्तर कोरियाई अधिकारी ने इसी टिप्पणी को लेकर अमेरिका की रणनीति पर सवाल उठाए हैं।

कांग चोल-सू ने दावा किया कि अमेरिका-दक्षिण कोरिया गठबंधन अब केवल दक्षिण कोरिया की रक्षा तक सीमित रहने के बजाय व्यापक सामूहिक रक्षा व्यवस्था की दिशा में बढ़ रहा है। उन्होंने सियोल के बढ़ते रक्षा खर्च की भी आलोचना की।

यह भी पढ़ें : अठावले का राहुल पर तंज, बोले- इस्तीफा मांगना ही रह गया है काम?

उत्तर कोरियाई अधिकारी ने कहा कि जिस दक्षिण कोरिया को अमेरिकी रणनीतिक हितों के लिए ‘सामूहिक रक्षा का निर्णायक केंद्र’ बनाया जा रहा है, वही भविष्य में ‘सामूहिक सजा का निर्णायक निशाना’ बन सकता है। हालांकि, उन्होंने यह स्पष्ट नहीं किया कि उत्तर कोरिया की ओर से किसी तरह की सैन्य कार्रवाई की योजना है या नहीं।

यह बयान ऐसे वक्त आया है जब कोरियाई प्रायद्वीप में सैन्य तनाव और दोनों देशों के बीच तीखी बयानबाजी जारी है। उत्तर कोरिया हाल के दिनों में बैलिस्टिक मिसाइल परीक्षण कर चुका है। वहीं, दक्षिण कोरिया, अमेरिका और जापान भी उत्तर कोरिया की मिसाइल गतिविधियों को लेकर आपसी समन्वय बनाए हुए हैं।

Related Articles

Back to top button