पीएम मोदी का गुजरात-महाराष्ट्र दौरा, 35 हजार करोड़ की परियोजनाओं पर नजर
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी मंगलवार को गुजरात और महाराष्ट्र के दौरे पर रहेंगे। वडोदरा में वह 35 हजार करोड़ रुपये से अधिक की विकास परियोजनाओं का उद्घाटन, शिलान्यास और राष्ट्र को समर्पण करेंगे। इसके बाद मुंबई में ग्लोबल फिनटेक फेस्ट 2026 का उद्घाटन करेंगे। दौरे के दौरान रेलवे, हाईवे, लॉजिस्टिक्स, आवास और सौर ऊर्जा से जुड़ी कई परियोजनाएं सामने आएंगी।
- गुजरात दौरा: वडोदरा में 35 हजार करोड़ रुपये से अधिक की परियोजनाओं की सौगात।
- रेल परियोजनाएं: पश्चिमी समर्पित माल गलियारे के 326 किमी खंड राष्ट्र को समर्पित।
- मुंबई कार्यक्रम: ग्लोबल फिनटेक फेस्ट 2026 का उद्घाटन और संबोधन।
PM Modi’s Gujarat-Maharashtra Visit : प्रधानमंत्री मोदी 8 सितंबर को करीब दोपहर 12 बजे वडोदरा पहुंचेंगे। यहां वह केंद्र और गुजरात सरकार की कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास करेंगे। इनका कुल मूल्य 35 हजार करोड़ रुपये से अधिक बताया गया है।
दौरे का बड़ा हिस्सा रेलवे और माल ढुलाई से जुड़ी परियोजनाओं पर केंद्रित रहेगा। प्रधानमंत्री पश्चिमी समर्पित माल गलियारे (WDFC) के करीब 326 किलोमीटर लंबे तीन खंडों को राष्ट्र को समर्पित करेंगे। इन पर 20,700 करोड़ रुपये से अधिक खर्च हुए हैं। इनमें साणंद (उत्तर)-मकरपुरा, न्यू उमरगांव-न्यू सफाले और न्यू सफाले-जेएनपीटी खंड शामिल हैं। इनके चालू होने के बाद डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर नेटवर्क अपनी पूरी निर्धारित लंबाई में परिचालन के लिए तैयार हो जाएगा।
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जेएनपीए तक सीधी रेल कनेक्टिविटी मिलने से आयात और निर्यात के सामान की आवाजाही को गति मिलने की उम्मीद है। इससे औद्योगिक क्षेत्रों को बंदरगाहों से बेहतर कनेक्टिविटी मिलेगी और लॉजिस्टिक्स पर आने वाली लागत कम करने में मदद मिल सकती है। मुंबई के मौजूदा रेल नेटवर्क पर माल ढुलाई का दबाव घटाना भी इसका अहम लक्ष्य है। प्रधानमंत्री न्यू साणंद (उत्तर), न्यू मकरपुरा, न्यू उमरगांव और न्यू जेएनपीटी से मालगाड़ी सेवाओं को हरी झंडी भी दिखाएंगे।
इसके साथ ही वडोदरा से टांडा रोड के बीच नई ट्रेन सेवा शुरू की जाएगी। इससे वडोदरा के साथ छोटा उदयपुर और अलीराजपुर के यात्रियों को भी फायदा मिलने की उम्मीद है। छोटा उदयपुर-धार रेल परियोजना के तहत बनी जोबाट-टांडा रोड नई रेल लाइन को भी प्रधानमंत्री राष्ट्र को समर्पित करेंगे। यह लाइन अलीराजपुर के दूरदराज और आदिवासी क्षेत्रों को राष्ट्रीय रेल नेटवर्क से जोड़ने में अहम भूमिका निभाएगी।
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इसके अलावा 329 किलोमीटर लंबी तीन रेल परियोजनाओं की आधारशिला रखी जाएगी। इन पर 9,700 करोड़ रुपये से अधिक खर्च होने का अनुमान है। इन परियोजनाओं में वडोदरा-रतलाम तीसरी और चौथी रेल लाइन, मियागाम करजन-चोरंदा-मलसार आमान परिवर्तन और विश्वामित्री-डभोई दोहरीकरण शामिल हैं। इनके पूरा होने पर रेल यातायात की क्षमता बढ़ाने और व्यस्त मार्गों पर दबाव कम करने में मदद मिलेगी।
प्रधानमंत्री करीब 1,780 करोड़ रुपये की तीन राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं का शिलान्यास भी करेंगे। इनमें एनएच-48 के कामरेज-चलथान हिस्से को छह लेन में बदलना शामिल है। वडोदरा-सूरत मार्ग पर तापी और नर्मदा नदियों से जुड़े प्रमुख पुलों समेत अतिरिक्त ढांचों का निर्माण और एनएच-53 पर अभावा, मिंडहोला तथा खजोड़ जंक्शन पर ग्रेड सेपरेटेड संरचनाएं भी प्रस्तावित हैं।



