नीतीश रेड्डी का दमदार कमबैक, बोले- बनना है बेहतरीन ऑलराउंडर
अफगानिस्तान के खिलाफ दूसरे टी20 में नीतीश कुमार रेड्डी ने गेंद से शानदार प्रदर्शन करते हुए 24 रन देकर तीन विकेट हासिल किए। भारत की सात विकेट की जीत में उनके स्पेल की अहम भूमिका रही। प्लेयर ऑफ द मैच चुने जाने के बाद रेड्डी ने चोट से वापसी, फिटनेस और अपनी ऑलराउंडर बनने की महत्वाकांक्षा पर खुलकर बात की।
- नीतीश रेड्डी: दूसरे टी20 में 24 रन देकर 3 विकेट
- प्लेयर ऑफ द मैच: भारत की सात विकेट की जीत में अहम योगदान
- ऑलराउंडर बनने का लक्ष्य: अतिरिक्त गति और फिटनेस पर रेड्डी का फोकस
Nitish Reddy Shines on Comeback, Eyes All-Rounder Greatness: नई दिल्ली। अरुण जेटली स्टेडियम में अफगानिस्तान के खिलाफ खेले गए दूसरे टी20 मुकाबले में नीतीश कुमार रेड्डी ने अपनी गेंदबाजी से खास छाप छोड़ी। उन्होंने चार ओवर में सिर्फ 24 रन देकर तीन विकेट लिए और अफगानिस्तान को 159/8 के स्कोर तक सीमित रखने में अहम भूमिका निभाई।
भारत ने लक्ष्य को सात विकेट शेष रहते हासिल कर लिया और सीरीज में 2-0 की ऐसी बढ़त बना ली, जिसे अब अफगानिस्तान बराबर नहीं कर सकता। नीतीश के प्रभावी प्रदर्शन के लिए उन्हें प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया।
सीओई में मेहनत का मिला फायदा
अवार्ड मिलने के बाद नीतीश ने अपनी वापसी को लेकर कहा कि चोट के बाद सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (सीओई) में किए गए रिहैबिलिटेशन ने उन्हें काफी आत्मविश्वास दिया। उनके मुताबिक वहां की गई मेहनत से उन्हें अपनी फिटनेस और शरीर की रिकवरी को लेकर भरोसा मिला है।
उन्होंने कहा कि फिलहाल वह अपने शरीर को लेकर अच्छा महसूस कर रहे हैं और सीओई में टीम ने रिकवरी पर काफी काम किया है। यही तैयारी मैदान पर उनके प्रदर्शन में भी नजर आई।
तेज गेंदबाजी पर लगातार काम
नीतीश रेड्डी के लिए गेंदबाजी में बढ़ी हुई गति खास महत्व रखती है। वह खुद को सिर्फ बल्लेबाज के तौर पर नहीं, बल्कि एक प्रभावी सीम-बॉलिंग ऑलराउंडर के रूप में स्थापित करना चाहते हैं।
उन्होंने बताया कि उनका सपना हमेशा से दुनिया के बेहतरीन ऑलराउंडर्स में शामिल होना रहा है। इसके लिए अतिरिक्त गति हासिल करना उनके काम का एक अहम हिस्सा है। हालांकि, उन्होंने यह भी माना कि ज्यादा गति के साथ शरीर को फिट रखना उतना ही जरूरी है।
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पहले टी20 को लेकर नहीं बढ़ाया दबाव
पहले मैच में गेंद से अपेक्षित प्रभाव नहीं छोड़ पाने के बाद दूसरे मुकाबले में रेड्डी ने शानदार वापसी की। हालांकि, उन्होंने पिछले मैच के प्रदर्शन को लेकर ज्यादा सोचने के बजाय खुद पर भरोसा बनाए रखने को अहम बताया।
रेड्डी के मुताबिक क्रिकेट ऐसा खेल है, जहां परिस्थितियां बहुत तेजी से बदल सकती हैं। इसलिए उनका ध्यान अपनी क्षमता पर भरोसा रखने और मौके का फायदा उठाने पर था।
उनका यह प्रदर्शन भारतीय टीम के लिए भी उपयोगी रहा, क्योंकि सीम-बॉलिंग ऑलराउंडर टीम के संतुलन में अहम भूमिका निभा सकते हैं। चोट से वापसी के बाद दूसरे टी20 में गेंद से मिली सफलता ने रेड्डी के आत्मविश्वास को भी मजबूती दी है।



