राजस्थान में गति शक्ति प्लान पर बड़ा अपडेट

जयपुर में मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास ने पीएम गति शक्ति राज्य मास्टर प्लान की समीक्षा करते हुए राजस्व भूमि की मैपिंग में भूमि की किस्म और अन्य जरूरी विवरण शामिल करने के निर्देश दिए। 100 करोड़ रुपये से अधिक की बुनियादी ढांचा परियोजनाओं को पोर्टल पर प्राथमिकता से मैप करने और इंफ्रास्ट्रक्चर गैप्स की पहचान पर भी जोर दिया गया।

  • पीएम गति शक्ति राज्य मास्टर प्लान में राजस्व भूमि की किस्म और अन्य विवरण मैप किए जाएंगे।
  • 100 करोड़ रुपये से अधिक की इंफ्रास्ट्रक्चर परियोजनाओं की पोर्टल पर प्राथमिकता से मैपिंग होगी।
  • पीएम गति शक्ति पोर्टल पर केंद्र की 29 और राज्य की 23 अनिवार्य अतिरिक्त लेयर्स की मैपिंग पूरी हो चुकी है।

Rajasthan Reviews PM Gati Shakti State Master Plan :  राजस्थान में बुनियादी ढांचा परियोजनाओं की बेहतर प्लानिंग और विभागों के बीच समन्वय बढ़ाने के लिए पीएम गति शक्ति राज्य मास्टर प्लान पर काम तेज किया जा रहा है। मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास ने गुरुवार को शासन सचिवालय में योजना के क्रियान्वयन की समीक्षा की और पोर्टल पर डेटा की गुणवत्ता बेहतर बनाने के निर्देश दिए।

बैठक में विभिन्न विभागों द्वारा पीएम गति शक्ति पोर्टल पर जीआईएस आधारित डेटा अपलोड करने, अलग-अलग डेटा लेयर्स की मैपिंग और परियोजनाओं के समन्वित क्रियान्वयन की प्रगति पर चर्चा हुई।

मुख्य सचिव ने कहा कि पोर्टल पर केवल ज्यादा डेटा उपलब्ध कराना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि उसे उपयोगी और गुणवत्तापूर्ण बनाना भी जरूरी है। उन्होंने सभी जरूरी लेयर्स की मैपिंग प्राथमिकता से पूरी करने के निर्देश दिए।

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श्रीनिवास ने राजस्व विभाग को निर्देश दिए कि भूमि की मैपिंग के दौरान सिर्फ उसका स्थान दर्ज न किया जाए। भूमि की किस्म और उससे जुड़े अन्य महत्वपूर्ण विवरण भी पोर्टल पर उपलब्ध कराए जाएं। इससे अलग-अलग विभागों को परियोजनाओं के लिए उपयुक्त जमीन चुनने में आसानी होगी और योजनाओं की तैयारी अधिक प्रभावी तरीके से की जा सकेगी।

उन्होंने 100 करोड़ रुपये से अधिक लागत वाली इन्फ्रास्ट्रक्चर परियोजनाओं को पीएम गति शक्ति पोर्टल पर प्राथमिकता से मैप करने को कहा। इससे परियोजना तैयार करते समय संबंधित इलाके की मौजूदा सुविधाओं, संसाधनों और कनेक्टिविटी की पूरी जानकारी एक जगह मिल सकेगी।

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मुख्य सचिव ने प्रदेश में संभावित इंफ्रास्ट्रक्चर गैप्स की पहचान, उनके विश्लेषण और मैपिंग के निर्देश भी दिए। अलग-अलग विभागों के डेटा को एकीकृत करने से यह पता लगाने में मदद मिलेगी कि किसी क्षेत्र में किस तरह की सुविधा की जरूरत है और वहां संसाधनों या कनेक्टिविटी की कमी कहां है।

बैठक में बताया गया कि राज्य के पीएम गति शक्ति पोर्टल पर केंद्र सरकार की 29 अनिवार्य लेयर्स और राज्य सरकार द्वारा चिन्हित 23 अतिरिक्त लेयर्स की मैपिंग पूरी हो चुकी है। इसके अलावा 11 अन्य लेयर्स भी मैप की गई हैं।

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