पीएम मोदी के नेतृत्व में सुलझे दशकों पुराने जल विवाद, राजस्थान को मिलेगा पूरा पानी : सीएम भजनलाल शर्मा
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने जैतारण में कहा कि राजस्थान के ग्रामीण क्षेत्रों के विकास के लिए सरकार ने व्यापक रोडमैप तैयार किया है। अटल ज्ञान केंद्रों, खेल मैदानों और ई-लर्निंग सुविधाओं से युवाओं को आगे बढ़ाने पर जोर रहेगा। उन्होंने कहा कि अंतरराज्यीय जल समझौतों से प्रदेश की पानी की जरूरतें पूरी करने की दिशा में काम हुआ है और कई योजनाएं आगे बढ़ी हैं।
- सीएम भजनलाल शर्मा ने जैतारण में आयोजित सेवा संवाद कार्यक्रम में ग्रामीण विकास के रोडमैप का किया ऐलान।
- पीएम मोदी के नेतृत्व में दशकों से अटकी जल परियोजनाओं और समझौतों का हुआ त्वरित समाधान।
- गांवों में अटल ज्ञान केंद्र और ई-लर्निंग से युवाओं का उज्ज्वल भविष्य बनाने पर राज्य सरकार का जोर।
Rajasthan’s Rural Development Roadmap : मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने बुधवार को जैतारण में आयोजित सेवा संवाद कार्यक्रम में ग्रामीण विकास और प्रदेश की जल जरूरतों को लेकर सरकार की योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि गांवों के सुनियोजित विकास के लिए रोडमैप तैयार किया गया है, जिसमें युवाओं के लिए शिक्षा, खेल और डिजिटल सुविधाओं को प्रमुखता दी जा रही है।
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मुख्यमंत्री ने कहा कि अटल ज्ञान केंद्र ग्रामीण युवाओं के लिए ई-लर्निंग का महत्वपूर्ण माध्यम बन सकते हैं। सरकार का प्रयास है कि गांव के युवाओं को पढ़ाई और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए बेहतर डिजिटल संसाधन अपने क्षेत्र में ही उपलब्ध हों। इसके साथ ही ग्रामीण इलाकों में खेल मैदान जैसी सुविधाओं को भी विकसित करने की योजना है।
पानी की जरूरत पूरी करने पर जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में राजस्थान की लंबे समय से अटकी कई परियोजनाओं और समझौतों को आगे बढ़ाने का काम हुआ है। प्रदेश की पानी की जरूरतों को पूरा करने के लिए रामजल सेतु परियोजना, यमुना जल समझौता, नर्मदा समझौता और किशाऊ बहुद्देश्यीय बांध परियोजना जैसे अंतरराज्यीय प्रयासों का उन्होंने उल्लेख किया।
उन्होंने कहा कि इन परियोजनाओं से राजस्थान में जल उपलब्धता बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण आधार तैयार हुआ है। मुख्यमंत्री के अनुसार, पानी की समस्या से जुड़े स्थायी समाधान प्रदेश के विकास और ग्रामीण अर्थव्यवस्था के लिए भी महत्वपूर्ण हैं।
युवा, किसान और महिलाओं पर सरकार का फोकस
सेवा संकल्प यात्रा के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि युवा, महिला, किसान और मजदूरों का सशक्तिकरण विकास की प्रक्रिया का अहम हिस्सा है। उन्होंने दावा किया कि राजस्थान में बिजली के क्षेत्र में स्थिति बदली है और राज्य अब दूसरे राज्यों को बिजली उपलब्ध कराने की स्थिति में है। रोडवेज और डेयरी जैसे सरकारी उपक्रमों के बेहतर प्रदर्शन का भी उन्होंने उल्लेख किया।
किसानों के लिए गेहूं की एमएसपी पर 150 रुपये प्रति क्विंटल अतिरिक्त बोनस दिए जाने की बात भी मुख्यमंत्री ने कही। उन्होंने कहा कि किसान और ग्रामीण अर्थव्यवस्था मजबूत होने से प्रदेश के विकास को गति मिलती है।
पौधारोपण अभियान का भी किया जिक्र
मुख्यमंत्री ने सामाजिक अभियानों का उल्लेख करते हुए कहा कि बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ और स्वच्छ भारत जैसे अभियानों ने जनभागीदारी को बढ़ाने का काम किया है। उन्होंने प्रधानमंत्री के ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान से प्रेरित हरियालो राजस्थान अभियान की भी जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि इस अभियान के तहत राजस्थान में अगले पांच वर्षों में 50 करोड़ पौधे लगाने का संकल्प लिया गया है। सरकार का जोर पर्यावरण संरक्षण को जनभागीदारी से जोड़ने पर है।
लाभार्थियों को बांटे चेक और ट्राई साइकिल
कार्यक्रम से पहले मुख्यमंत्री ने विभिन्न विभागों की योजनाओं पर आधारित प्रदर्शनी का अवलोकन किया। इस दौरान उन्होंने योजनाओं के लाभार्थियों को चेक और ट्राई साइकिल वितरित की। उन्होंने कार्यक्रम परिसर में पौधारोपण भी किया।
इसके बाद मुख्यमंत्री ने पावन धाम परिसर में जैन संत रूपमुनि जी महाराज सा. और मिश्रीमल जी महाराज सा. के समाधि स्थल पर पहुंचकर नमन किया।
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कार्यक्रम में सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री अविनाश गहलोत, विधायक शोभा चौहान सहित अन्य जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में आमजन मौजूद रहे।



