कांग्रेस ने भंवरलाल शर्मा और विश्वेन्द्र सिंह का निलंबन वापस लिया

4

हॉर्स ट्रेडिंग में शामिल होने के आरोपों के बाद कार्रवाई हुई थी

जयपुर। सचिन पायलट की कांग्रेस से सुलह के बाद उनके गुट के विधायकों को भी राहत मिलनी शुरू हो गई है। कांग्रेस ने पायलट खेमे के भंवरलाल शर्मा और विश्ववेंद्र सिंह का निलंबन वापस ले लिया है। हॉर्स ट्रेडिंग में शामिल होने के आरोपों की वजह से दोनों के खिलाफ निलंबन की कार्रवाई की गई थी। राजस्थान सरकार का संकट टलने के बाद मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और पूर्व डिप्टी सीएम सचिन पायलट का आज पहली बार आमना-सामना हो सकता है। शाम 5 बजे गहलोत के घर होने वाली कांग्रेस विधायक दल की बैठक में दोनों के मिलने की उम्मीद है। यह देखना दिलचस्प होगा कि गहलोत और पायलट किस तरह मिलते हैं?

देश में चुनी हुई सरकारों को तोडऩे की साजिश चल रही – गहलोत

मुख्यमंत्री ने कहा है कि देश में चुनी हुई सरकारों को एक-एक कर तोडऩे की साजिश चल रही है। जांच एजेंसियों और ज्यूडिशियरी का गलत इस्तेमाल हो रहा है। ये डेमोक्रेसी को कमजोर करने का बहुत खतरनाक खेल है।

मुख्यमंत्री ने कहा- गलतफहमियां भुलाकर आगे बढऩे का समय

इस बीच मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने फिर दोहराया है कि हमें फॉरगेट एंड फॉरगिव, आपस में भूलो, माफ करो और आगे बढ़ो की भावना के साथ डेमोक्रेसी को बचाने की लड़ाई में जुटना है। कांग्रेस की लड़ाई तो सोनिया गांधी और राहुल गांधी की लीडरशिप में डेमोक्रेसी को बचाने की है। पिछले एक महीने में कांग्रेस में आपस में जो भी ना-इत्तेफाकी हुई है, उसे देश हित में, प्रदेश हित में, प्रदेशवासियों के हित में और लोकतंत्र के हित में भूल जाना चाहिए।

यह भी पढ़ें-गहलोत सरकार के खिलाफ भाजपा लाएगी अविश्वास प्रस्ताव

पायलट गुट के 18 विधायक बाडेबंदी में नहीं रहेंगे

गहलोत गुट के विधायकों की तो अभी तक होटल में बाड़ेबंदी जारी है, लेकिन पायलट गुट के विधायक अपने-अपने घरों पर ही हैं। दो दिन पहले से ही पायलट गुट के सभी विधायक बाड़ेबंदी से निकल चुके हैं। एक महीने बाड़ेबंदी में रहने के बाद मंगलवार शाम वे जयपुर लौट आए थे। बुधवार शाम 7 बजे पायलट के सरकारी आवास पर विधायकों की मीटिंग भी हुई, जिसमें आगे की स्ट्रैटजी तय की गई। हालांकि, इसे अनौपचारिक मुलाकात बताया गया।

14 अगस्त से विधानसभा सत्र

गहलोत खेमे के विधायक बुधवार को जैसलमेर से जयपुर लौट आए। उन्हें फिर से उसी होटल फेयरमोंट में ठहराया गया है, जहां से वे 31 जुलाई को जैसलमेर गए थे। गहलोत ने इस पूरे सियासी घटनाक्रम पर कहा- ‘फॉरगेट एंड फॉरगिव, भूलो, माफ करो और आगे बढ़ो। यही प्रदेशवासियों और लोकतंत्र के हित में है। 14 अगस्त से विधानसभा सत्र शुरू होगा।