
नई दिल्ली। राज्यसभा और लोकसभा में गुरुवार को पीठासीन अधिकारियों द्वारा कांग्रेस नेता मल्लिकार्जुन खड़गे और राहुल गांधी के भाषण के कुछ हिस्सों को निकाले जाने के बाद कांग्रेस ने जमकर हंगामा किया। कांग्रेस सांसद और विपक्ष के नेता खड़गे ने इस मामले को राज्यसभा के सभापति के समक्ष उठाया। उन्होंने कहा कि उन्होंने कुछ भी असंसदीय नहीं कहा है और उनका भाषण बहाल किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने पूर्व पीएम नरसिम्हा राव के लिए इसी तरह के शब्दों का इस्तेमाल किया था। कांग्रेस के प्रमोद तिवारी ने कहा कि ये शब्द विधानसभा की विभिन्न कार्यवाही का हिस्सा थे।
गौरतलब है कि, खड़गे ने बुधवार को राष्ट्रपति के अभिभाषण के धन्यवाद प्रस्ताव पर बोलते हुए कहा था कि प्रधानमंत्री के सबसे करीबी दोस्तों में से एक की संपत्ति ढाई साल में 12 गुना बढ़ गई। 2014 में यह 50,000 करोड़ रुपये थी, जबकि 2019 में यह 1 लाख करोड़ रुपये का ग्रुप बन गया, ऐसा क्या जादू हुआ कि अचानक दो साल में 12 लाख करोड़ रुपये की संपत्ति आ गई, कहीं यह दोस्त की मेहरबानी तो नहीं है।
7 फरवरी को लोकसभा में धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा के दौरान राहुल गांधी ने पीएम पर हमला बोलते हुए कहा था, ‘पहले वे अडानी के विमान में सफर करते थे और अब अडानी मोदीजी के साथ उनके विमान में सफर करते हैं।